नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। 14 मार्च को अमृतसर के लोग होली के बाद जब अपने अपने घरों में चैन की नींद सो रहे थे तो तभी अचानक एक विस्फोट की आवाज ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया। दरअसल, शुक्रवार और शनिवार की दरमयानी रात को करीब रात 12:35 बजे अमृतसर के खंडवाला इलाके में स्थित ठाकुरद्वारा मंदिर के बाहर दो बाइक सवार युवक आए। उनके हाथ में एक झंड़ा था जबकि दूसरे हाथ में ग्रेनेड था। उन्होंने मंदिर पर ग्रेनेड से हमला कर दिया। मंदिर को अंदर सो रहे पुजारी को सुरक्षित बचा लिया गया है।
कैसे दिया हमले को अंजाम
रात करीब 12:35 बजे ठाकुरद्वारा मंदिर के पुजारी मंदिर में सो रहे थे। तभी बाहर दो बाइक सवार आए और उन्होंने कुछ देर इधर उधर देखा। उनके हाथ में एक झंडा था जिसकी पहचान अभी सामने नहीं आ सकी है। दूसरे हाथ में ग्रेनेड था। उन्होंने मंदिर पर ग्रेनेड फेंक दिया जिसके बाद मंदिर में जबरदस्त विस्फोट हुआ। गनीमत रही कि अंदर सो रहे पुजारी को सुरक्षित बचा लिया गया। रात करीब 2 बजे पुलिस इस मामले की जांच के लिए मौके पर पहुंची। धमाके के बाद से ही पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना हुआ है।
हमले का पाकिस्तानी एंगल
मंदिर पर हुए ग्रेनेड हमले के पीछे अमृतसर के पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत भुल्लर ने पाकिस्तनानी एंगल बताया है। उन्होंने कहा कि इस घटना के पीछे पाकिस्तान का हाथ हो सकता है। पाकिस्तान समय समय पर ऐसी हरकतें करता हुए नजर आया है। पुलिस CCTV फुटेज के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार करने की कोशिश लगातार कर रही है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस घटना के बाद मंदिरों और अन्य धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर सख्ती किए जाने की मांग की जा रही है।





